Fri. Aug 14th, 2020

बिहार के पूर्व राज्यपाल लालजी टंडन का निधन, बीजेपी में शोक की लहर

बिहार के पूर्व राज्यपाल और मध्य प्रदेश के वर्तमान राज्यपाल लालजी टंडन का आज लंबी बीमारी के चलते लखनऊ के मेदांता हॉस्पिटल में निधन हो गया। वे लंबे समय से बीमार चल रहे थे।

लालजी टंडन की निधन की खबर उनके पुत्र और उत्तर प्रदेश सरकार में मंत्री आशुतोष टंडन ने अपने ट्वीट के जरिए दिया। आपको बता दें कि लालजी टंडन को 2018 में बिहार का राज्यपाल बनाया गया था और जब तक वह मध्य प्रदेश के राज्यपाल नहीं बन गए तब तक वह बिहार में अपनी सेवा दे रहे थे।

उन्होंने बिहार के शिक्षा में बहुत ही सुधारात्मक और बड़े फैसले लिए अपने कार्यकाल में। इस दुखद समाचार को सुनने के बाद बिहार के वर्तमान राज्यपाल फागू चौहान और कई मंत्रियों ने संवेदना प्रकट की है।

बिहार के पूर्व राज्यपाल लालजी टंडन

अटल बिहारी बाजपेई के निकट सहयोगी थे लालजी टंडन

लालजी टंडन की एक अमिट पहचान अटल बिहारी वाजपेई के निकट सहयोगी के रुप में भी थी। पूर्व प्रधानमंत्री अटल बिहारी बाजपेई के दुखद निधन के बाद लालजी टंडन वाजपेई जी के चुनाव क्षेत्र लखनऊ से ही पंद्रहवीं लोकसभा के लिए चुनकर दिल्ली भेजे गए थे। लालजी टंडन भारतीय जनता पार्टी के सरकार में मंत्री भी रह चुके थे।

बिहार के वर्तमान राज्यपाल ने बताया अपूरणीय क्षति

वर्तमान राज्यपाल फागू चौहान ने लालजी टंडन के दुखद निधन पर शोक व्यक्त करते हुए यह कहा कि “लालजी टंडन ने बिहार में उच्च शिक्षा के विकास को गति प्रदान की। वह लोकप्रिय राजनेता, कुशल प्रशासक, और विद्वान लेखक थे। उनके निधन से भारतीय सामाजिक राजनीतिक जीवन को अपूरणीय क्षति हुई है।”

लालजी टंडन के निधन से बीजेपी में शोक की लहर

आपको बता दें कि इस दुखद समाचार के बाद बिहार के बीजेपी में शोक की लहर दौड़ गई है। इस पर बिहार के उपमुख्यमंत्री श्री सुशील कुमार मोदी बीजेपी के प्रदेश अध्यक्ष डॉक्टर संजय जयसवाल और बिहार के स्वास्थ्य मंत्री मंगल पांडे के अलावा प्रदेश भारतीय जनता पार्टी के कई वरिष्ठ नेताओं ने अपनी संवेदना प्रकट की है। केंद्रीय मंत्री नित्यानंद राय ने उनके निधन पर दुख प्रकट करते हुए कहा कि टंडन ने बिहार के उच्च शिक्षा में सुधार के लिए कई अहम निर्णय लिए और नई दिशा देने का काम किया था।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *